कोई जी says-“English is a very funny language”.

बचपन से सुना है -“English is a very funny language“,

और बचपन से यही मान भी बैठे।

बिना किसी तर्क-वितर्क के बस मान बैठे।

यूँ तो अभी भी भारी विचार नहीं है मन में, कि कौनसी भाषा सबसे ज्यादा हँसाती है और कौनसी नहीं।

बस यूहीं कभी खाली बैठे-बैठे खयाल आ जाते हैं, तो आज ये ख्याल ही आकर बैठ गया मन में।

पर “कोई” फिर कहता -अरे वही “कोई” जिसका बचपन से सुनते आए हैं- “कोई” ने कहा-“ख्याल तो दिमाग में आते हैं जी ये मन कौन है”।

तो अनायस ही हँसी सी छूट गई- और फिर हिंदी में लिखते हुए ख्याल आया, वो भी मन में, तो लगा हँसी तो हिंदी में भी आती है।

फिर ये -” कोई” अरे वही बचपन से जो पीछे पड़ा है “कोई” – क्यों कहता है कि -“English is a very funny language”। यहां तो भाई हमे हिंदी में भी इतनी हँसी आती है।

फिर अचानक से ही एक और ख्याल आया-हाँजी ख्याल, पर इस बार दिमाग में आया।

पिछली बार समझाया था ना तो समझ गया होगा शायद।

     किसको समझाया?- अरे भाई ख्याल को समझाया ना।

हाँ तो हम कहाँ थे- जी हम ख्याल पर थे।

तो ख्याल कुछ यूं था कि- जब तुम इंग्लिश बोलो तो चेहरे पर वो कठोर भाव आ जाते हैं, और जब तुम हिंदी कहते हो तो खुद-ब-खुद चेहरा कैसे खिल उठता है,खुद-ब-खुद म बिखर जाती है।

तो मियां “कोई जी” आप ये बतायें की “how english is a very funny language”।

और हाँ “कोई जी” कहीं जाइयेगा नहीं , गुफ़्तगू तो अभी शुरु हुई है। बातें अभी बहोत सी बाकी हैं।

 

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First blog post

Today on the occasion of “Kargil Vijay Diwas” i would like to make my first post here. This would be my platform to express my feelings/gratitude towards my nation ,my soldiers, my flag.

In the hope of getting the motivation to keep this blog page going, i would like to say a ‘hi’ to all you there.

ये इश्क़-इ-वतन है जनाब

ये मजहबो से दूर दिलो में बसता है ।